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फिलीस्तीन मुक्ति सप्ताह- फिलीस्तीनियों की अतुलनीय कुर्बानी और मानवता - जगदीश्वर चतुर्वेदी

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(गाजा में हैती की आपदाग्रस्त जनता के लिए सहायता सामग्री एकत्रित करते फिलीस्तीनी लोग )                                                    जो लोग मुक्ति के लिए संघर्ष करते हैं वे खुदगर्ज नहीं होते। फिलीस्तीनियों का स्वभाव भी कुछ ऐसा ही है उनमें अपने वतन को पाने की जितनी चाह है उससे भी ज्यादा गहरी सहानुभूति दूसरों के प्रति है। बीबीसी लंदन ने 19जनवरी 2010 को खबर दी कि गाजा में बाढ़ आ गयी है। बाढ़ से व्यापक क्षति होने का अनुमान है। जिस समय बाढ़ आयी उसी समय जबर्दस्त बारिश भी हुई। सैंकड़ों परिवार इससे प्रभावित हुए हैं।       बाढ़ और बारिस ने इतनी व्यापक तबाही मचायी कि गाजापट्टी में आपात्काल की घोषणा करनी पड़ी। समूचे इलाके में पानी भर गया। यहां तक कि पशु वगैरह भी पानी में ही फंसे हुए हैं, घरों ,खेतों और और सड़कों पर पा...

फिलीस्तीन मुक्ति सप्ताह- फिलीस्तीन के बिना अधूरा है प्राच्यवाद

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                                                                           आलोचकगण जब ' ओरिएण्टलिज्म ' पर विचार करते हैं तो यह भूल जाते हैं कि आखिरकार सईद को यह किताब लिखने की जरूरत क्यों पड़ी ?      यह किताब जब लिखी गयी थी तब सारी दुनिया में नए सिरे से नव्य-औपनिवेशिकता और नव्य-आर्थिक उदारतावाद की मुहिम शुरू हो चुकी थी। इस मुहिम का लक्ष्य नए किस्म की वैचारिक गुलामी था। द्वितीय विश्वयुध्दोत्तार दौर में मध्य-पूर्व से इसका सिलसिला आरंभ हुआ था और आज वह अपनी पकड़ में सारी दुनिया को ले चुका है। यही वह प्रस्थान-बिंदु है जिसके कारण ' ओरिण्टलिज्म ' का संदर्भ-सूत्र मध्यपूर्व और साम्राज्यवाद विरोध है। ' ओरिण्टलिज्म ' लिखने का मकसद विचार-विमर्श करना मात्र...

फिलीस्तीन की आशा और प्रेरणा हैं एडवर्ड सईद - हितेन्द्र पटेल

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                                                                                                                                            प्रख्यात विद्वान एडवर्ड सईद (1935-2003) अब नहीं हैं । इनकी मृत्यु के बाद सारी दुनिया के बौद्धिक जगत में एक खालीपन का अहसास बहुतों को हुआ होगा। आज के उत्तर-आधुनिक दौर में ...